होम General दिवाली कब और क्यों मनाई जाती है और दिवाली का महत्त्व क्या...

दिवाली कब और क्यों मनाई जाती है और दिवाली का महत्त्व क्या है?

आज हम इस आर्टिकल में जानेगे की दिवाली क्यों तथा कब मनाई जाती है | भारत में दिवाली मानाने के पीछे की वजह क्या है | वैसे तो दिवाली को हम दीपावली के नाम से भी जानते है|

दिवाली का इतिहास क्या है, इस विषय के बारे में भी काफी लोगों को जानकारी नहीं है। तथा दिवाली के महत्व के बारे में भी ज्यादातर लोग अवगत नहीं हैं। इसलिए आज हम इस आर्टिकल में इन सभी सवालों के जवाब जानेगे ?

दिवाली का यह त्यौहार एक ऐसा त्यौहार है जो लोगो के जीवन में खुशियाँ लेकर आता  है| इस दिन लोग अपने प्रिये जनो के साथ मिलकर यह त्यौहार मानते है|

दिवाली दीपों का त्यौहार है | इस दिन घर-घर में दीप जलाए जाते हैं| दिवाली त्यौहार भारत देश के सबसे मुख्य त्योहारों में से एक है | यह त्यौहार पुरे भारत देश में सभी लोग धूम धाम से मानते है|

वैसे तो भारत में कई त्यौहार मनाये जाते है लेकिन दिवाली का त्यौहार हर किसी के घर पर मनाया जाता है |

दिवाली कब मनाई जाती है? (When is Diwali celebrated?)

दिवाली हर किसी का प्रिये त्यौहार होता है | लोग अपने परिवार जानो के साथ मिलकर दिवाली मानते है | वैसे तो दिवाली का त्यौहार हर साल मनाया जाता है | यह दिवाली का त्यौहार अश्विन महीने की अमावस्या को मनाया जाता है | इस दिन अमावस्या होने की वजह से अँधेरी रात होती है |

इस वजह से लोग दिप जलाकर अँधेरे को दूर करते है | अमावस्या की अंधेरी रात दीपों से जगमगाने लगती है। बच्चों के स्कूल – कॉलेजों में दीपावली की लंबी छुट्टियां होती है | दीपावली के कुछ दिन पहले से ही लोग अपने अपने घर की साफ सफाई शुरू कर देते है|

दिवाली का त्यौहार कितने दिनों तक मनाया जाता है? (How long is the festival of Diwali celebrated?)

दिवाली पांच दिनों तक मनाया जाता है। दिवाली में धनतेरस से लेकर भाई दूज तक यह त्यौहार चलता है। धनतेरस के दिन व्यापारी अपना हिसाब करते है तथा नई चोपड़ी या किताब बनाते हैं। दिवाली के एक दिन पहले हम धनतेरस मानते है |

इस दिन कुछ नया खरीदना शुभ माना जाता है | इस दिन खास कर लोग सोना – चाँदी खरीदते है | धनतेरस के दिन धन की पूजा की जाती है | धनतेरस में सभी लोग अपने नये बिज़नेस की शुरुआत भी करते है |

 धनतेरस के अगले दिन नरक चौदस के दिन सूर्योदय से पूर्व स्नान करना बहुत ही अच्‍छा माना जाता है।  दिवाली का मुख्य दिन, यानी कि अमावस्या इसी दिन ही माता लक्ष्मीजी की पूजा की जाती है।  दिवाली के दिन सभी के घर पर गणेशजी और लक्ष्मीजी की पूजा होती है |

दिवाली में लोग अपने – अपने घर पर गणेश तथा लक्ष्मी आरती करते है और उनकी आराधना करते है | 

दिवाली के दूसरे दिन नया साल शुरू होता है | भारत के कुछ राज्यों में नया साल मनाया जाता है | इस दिन सभी अपने पड़ोसियों और रिश्तेदारों से मिलकर नए साल की शुभ कामनाये देते हैं | दिवाली के दूसरे दिन भाई दूज भी मनाया जाता है |

भाई दूज भाई बहन का त्यौहार है यह हर साल दिवाली के बाद मनाया जाता है |

दिवाली का महत्त्व क्या है? (What is the significance of Diwali?)

दिवाली पर्व का भारत देश में बहुत अधिक महत्व है। इस शुभ दिन को अंधकार पर प्रकाश की विजय का प्रतीक माना जाता है। इसलिए इस त्यौहार को बहुत ही सुंदर और बड़े पारंपरिक तरीके से मनाया जाता है।

दिवाली एक धार्मिक त्यौहार है। दिवाली का त्यौहार सभी पर्वों में एक महत्वपूर्ण  स्थान रखता है। हम सभी को अपने त्योहारों की परम्पराओं को हर स्थिति में सुरक्षित रखना चाहिए। परम्पराओं तथा संस्कृति से हमें उसके आरम्भ और उसके उद्देश्य को समझने और याद करने में आसानी होती है।

आज हम त्यौहारों को भी आधुनिक सभ्यता का रंग देकर मनाते हैं लेकिन हम सभी को उसके आदि स्वरूप को बिगाड़ना नहीं चाहिए। इसे त्योहारों को हमेशा यथोचित रीति से मनाना चाहिए। दिवाली त्यौहार हर कोई धूम धाम से मनाता है |

यह ऐसा त्यौहार है जिसमे सभी को बहुत मजा आता है |

दिवाली क्यों मनाई जाती है? (Why is Diwali celebrated?)

दिवाली पर्व मनाये जाने के कई कारण बातये गए है ? तथा दीपाली पर्व से जुडी कई कहानियाँ भी है | रामायण के अनुसार ऐसा माना  जाता है की दिवाली का त्यौहार श्री राम भगवान, सीता माता और लक्ष्मण के 14 वर्ष 2 महीने के वनवास के बाद अयोध्या लौटने की खुशी में मनाया जाता है।

इसी  दिन अयोध्या नगर के लोगो ने  भगवन राम के आने की ख़ुशी में दिप जलाकर राम भगवन कर स्वागत किया था | इसी  दिन से लोग इस मत्वपूर्ण दिन को दिवाली के रूप में मानते है |

इस दिवाली पर्व को महाभारत के अनुसार पांडवों के 12 वर्ष के वनवास और 1 वर्ष के अज्ञातवास के बाद लौटने की खुशी में भी मनाया जाता है। इस दिन ऐसा भी माना जाता है कि देवी-देवताओं और राक्षसों द्वारा समुद्र मंथन करते समय माता लक्ष्मी का जन्म हुआ था।

इस वजह से लक्ष्मी पूजा की जाती है | भारत के कुछ पूर्वी और उत्तरी क्षेत्रों में नव हिंदी वर्ष के रूप में भी इस दिवाली त्यौहार को मनाया जाता है।

दिवाली में लोग क्या करते है? (What people do in Diwali?)

हम सभी के घर पर दीवाली के दिन तरह-तरह के पकवान बनाए जाते हैं | इस दिन घर के बाहर दरवाजे पर सुंदर रंगोली बनाई जाती है | दिवाली के दिन घरों के दरवाजों पर लोग तोरण बांधते हैं तथा कंदील लगाते हैं |

दिवाली में हर कोई अपने घर को बेहतरीन तरीके से सजाता है | दिवाली के कुछ दिन पहले ही सभी के घर रौशनी से जगमगाते हुए नजर आएंगे | दीपावली के दिन सभी के घर में खूब चहल पहल रहती है |

दीपावली के त्यौहार पर सभी नए कपड़े पहनते हैं | इस दिन सभी खूब पटाखे फोड़ते हैं| बड़े, बूढ़े और बच्चे हर कोई के लिए यह त्यौहार बहुत ही खास होता है | इस दिन लोग अपने सभी रिस्तेदारो तथा सेज सम्बन्धियों से मिलने जाते है |  इस त्यौहार में  लोग तरह तरह की मिठाइयाँ  बनाते है |

  दिवाली के त्योहारों में लोग कोई भी नए चीजों को खरीदना अधिक पसंद करते है | दिवाली में लोग अपने नये  घर की तथा नये गाड़ी की पूजन करते है | इस दिन कुछ भी नया खरीदना शुभ माना जाता है |

कई लोग अपने नये  बिज़नेस की शुरुआत भी दिवाली के शुभ दिन से करते है |